
रिपोर्ट: शैलेन्द्र शर्मा/ पद्माकर पाठक
आजमगढ़। सगड़ी विधानसभा के रौनापार बाज़ार में 5 जनवरी को हुई कलामुद्दीन अहमद की मौत मामले ने अब सियासी रूप ले लिया है। मंगलवार को सपा जिलाध्यक्ष संग विधायकों का एक प्रतिनिधिमंडल मृतक कलामुद्दीन के घर पहुंच परिजनों से मिला। समाजवादियों ने घटना ने एक बार फिर प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिसिया मारपीट में कलामुद्दीन अहमद की दुखद मौत के बाद, उनके बेटे आमिश अहमद और पूरा परिवार लगातार डर और दबाव में जीने को मजबूर है। यह परिवार समाज को शिक्षा देने के लिए स्कूल चला रहा था, लेकिन आज खुद न्याय के लिए दर-दर भटक रहा है।जिलाध्यक्ष हवलदार यादव सहित समाजवादी पार्टी के विधायक नफीस अहमद, विधायक संग्राम यादव, विधायक पूजा सरोज, एचएन पटेल, अखिलेश यादव के साथ पीड़ित परिवार से मुलाक़ात कर उन्हें भरोसा दिलाया और कहा कि इस लड़ाई में हम सब साथ हैं। इस गंभीर मामले को सपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के संज्ञान में लाया जाएगा। न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा।
